News Cubic Studio

Truth and Reality

Uttar Pradesh / Moradabad : विकास भवन में गंदगी और पुराने अभिलेख देख भड़के डीएम

विकास भवन में जिलाधिकारी ने अचानक निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया। कई स्थानों पर गंदगी का अंबार लगा मिला। कुछ पुराना फर्नीचर और फाइलें बेतरतीब रखे मिले। कुछ विभागाध्यक्ष डीएम के सवालों में घिर गए और जवाब नहीं दे सके। उन्हें चेतावनी दी गई है कि व्यवस्थाएं दुरुस्त करें। कुछ विभागीय कर्मचारी काम ही नहीं कर रहे थे।
डीएम ने साफ सफाई पर विशेष जोर दिया गया। जिलाधिकारी शैलेंद्र सिंह ने दिव्यांग जन सशक्तीकरण कार्यालय में ट्राई साईकिल व व्हील चेयर अनुपयोग रखी देखीं। उन्होंने कहा कि दिव्यांगजनों को नियमानुसार ट्राईसाइकिल एवं व्हील चेयर एक सप्ताह के अन्दर वितरित करें। हथकरघा विभाग में 2004-05 के प्रस्ताव रखे हुए मिले। डीएम ने सवाल किया तो कार्यालय सहायक संतोषजनक उत्तर नहीं दे सके। डीएम ने अनुपयोगी अभिलेखों को एक सप्ताह के अन्दर वीडिंग कराने का निर्देश दिया। अलमारियों के ऊपर अभिलेखों को रखा पाया तथा कार्यालय में पर्याप्त रोशनी भी नहीं थी। वैकल्पिक ऊर्जा विभाग में रैको में पुराने अभिलेखों में से जिलाधिकारी ने एक पत्रावली को निकालकर देखा तथा पाया कि लाईट लगाये जाने संबंधी वर्ष 2015-16 के प्रमाण-पत्र रखे मिले। लघु सिंचाई कार्यालय में 4 कर्मचारी बैठे मिले। उनकी टेबल पर कोई पत्रावली नहीं मिली। जिलाधिकारी ने अत्यन्त रोष व्यक्त किया। डीपीआरओ कार्यालय में ग्राम पंचायतों की आडिट रिपोर्ट संबंधी अभिलेख काफी संख्या रखे मिले। सहकारिता विभाग में कई अलमारियां रखीं थीं, जिससे पर्याप्त रोशनी नही थी। जिलाधिकारी ने कहा कि सभी अधिकारियों के मोबाइल नंबर पेंट करें और संबंधित स्टाफ का कार्य विभाजन करें। साफ सफाई रखें। जो निर्देश दिए हैं उनका पालन पंद्रह दिन में हो जाए। निरीक्षण के दौरान मुख्य विकास अधिकारी आनन्द वर्धन उपस्थित रहे।

See also  Uttarakhand / Haridwar : Broken canal is giving pain to farmers, hearing is not happening