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जामिया मिलिया इस्लामिया में रसायन विज्ञान विभाग द्वारा आयोजित तीन दिवसीय अंतर्राष्ट्रीय सम्मेलन का उद्घाटन

जामिया मिल्लिया इस्लामिया के रसायन विज्ञान विभाग के इंजीनियरिंग सभागार में करंट एडवान्सेज इन ड्रग डिजाइन ऐंड ट्रांसलेशनल साईसं पर तीन दिवसीय अंतर्राष्ट्रीय सम्मेलन का उद्घाटन किया गया। सम्मेलन की शुरुआत पवित्र कुरान की तिलावत और जामिया तराना के साथ हुई। स्वागत भाषण विज्ञान संकाय के डीन प्रोफेसर सईदुद्दीन ने दिया, जिन्होंने विभाग के प्रदर्शन और इसमें उपलब्ध विश्वस्तरीय उपकरणों और सुविधाओं का उल्लेख किया। उन्होंने छात्रों की उपलब्धियों का भी उल्लेख किया और इस सम्मेलन के आयोजन को समय की मांग बताया। सम्मेलन के समन्वयक प्रोफेसर जाहिद अशरफ ने सम्मेलन को संबोधित किया और कोविड के बाद आने वाली चुनौतियों से निपटने के लिए आगे आने की अपील की। इसके बाद सीएसआईआर के पूर्व निदेशक प्रोफेसर जेएस यादव ने मुख्य भाषण दिया, जिसमें उन्होंने औषधि विकास कार्यक्रम में रसायन विज्ञान की उपलब्धियों पर प्रकाश डाला। मुख्य अतिथि डॉ. पवन मल्होत्रा ने सम्मेलन की बधाई दी तथा रासायनिक पुस्तकालय की स्थापना पर जोर दिया। सम्मेलन को संबोधित करते हुए एम्स नई दिल्ली की बायोफिजिक्स विभागाध्यक्ष और सम्मेलन की मुख्य अतिथि प्रोफेसर पंत कौर ने कहा कि दवा कंपनियों पर निर्भरता कम होनी चाहिए और दवाइयों की जिम्मेदारी विश्वविद्यालय के विभागों पर डालनी चाहिए। उन्होंने कहा कि मौजूदा दौर में दवा खोज पर जोर दिया जाना चाहिए। सम्मेलन को संबोधित करते हुए आईआईटी दिल्ली के प्रोफेसर बी.जे. राम ने फार्मास्यूटिकल्स के क्षेत्र में आने वाली चुनौतियों की ओर ध्यान दिलाया तथा उनसे निपटने के तरीकों पर बात की। अमेरिका के मेसोपोटामिया मेडिकल सेंटर विश्वविद्यालय के फार्मेसी कॉलेज के प्रोफेसर जोनाथन वेनरस्ट्रॉम ने इस सम्मेलन के आयोजन के लिए बधाई दी। रसायन विज्ञान विभाग के प्रमुख प्रोफेसर इमरान अली ने विभाग का विस्तृत परिचय दिया तथा सभी अतिथियों का स्वागत किया। अंत में, सम्मेलन के संयोजक एवं आयोजन सचिव प्रोफेसर नसीम अल-हुदा ने सभी विशिष्ट अतिथियों, प्रतिभागियों एवं सभी स्वयंसेवकों को व्यक्तिगत रूप से धन्यवाद दिया तथा तीन दिवसीय सम्मेलन के लिए शुभकामनाएं दीं।

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