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Uttarakhand : कोई संवैधानिक संकट नहीं, सीएम ने चुनौती से डरकर दिया इस्तीफा :  आप

उत्तराखंड में एक के बाद एक हो रहे नेतृत्व परिवर्तन को आम आदमी पार्टी ने लोकतंत्र का मजाक बताया है। आप के प्रदेश प्रवक्ता समित टिक्कू ने कहा कि भाजपा ने प्रदेश की जनता को स्थिर सरकार देने का वादा किया और सवा चार साल में ही तीन मुख्यमंत्री बना दिए हैं। उन्होंने कहा कि भाजपा के इस रवैये से लगता है कि चुनाव होने तक और भी नाम मुख्यमंत्रियों की लिस्ट में जुड़ सकते हैं। उन्होंने कहा कि तीरथ सिंह रावत को पहले मुख्यमंत्री बनाना और फिर संवैधानिक संकट की दुहाई देकर इस्तीफा दिला कर भाजपा ने उनकी नाकामियों पर पर्दा डालने का काम किया है। उन्होंने कहा कि संवैधानिक संकट सिर्फ एक बहाना है। समित ने कहा, बीजेपी ने गंगोत्री में एक इंटरनल सर्वे करवाया था जिसमें निकला कि अगर सीएम यहां से लड़ते तो बुरी तरह हारेंगे। इसलिए इन्होंने बिना इलेक्शन कमीशन के निर्णय के संवैधानिक संकट का बहाना मारकर सीएम ने इस्तीफा दे दिया। उन्होंने कांग्रेस पर भी निशाना साधते हुए कहा कि भाजपा हो या कांग्रेस दोनों ही दलों ने इन बीस वर्षों में मुख्यमंत्री बदलने के सिवा कुछ नहीं किया। दोनों ही उत्तराखंड में फ्रेंडली मैच खेल रहे हैं। जनता इनकी असलियत जान चुकी है और 2022 में दोनों को ही करारा जवाब देगी।

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