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Himachal Pradesh / Parwanoo : परवाणू टर्मिनल मंडी में सुविधाओं व असुविधाओं को लेकर आढ़तियों और प्रशासन के बीच खींचतान का सिलसिला शुरू

सेब सीजन की शुरुवात होते ही परवाणू टर्मिनल मंडी में सुविधाओं  व असुविधाओं को लेकर आढ़तियों व् प्रशासन के बीच खींचतान का सिलसिला शुरू हो जाता है।  एक ओर आढ़ती असुविधाओं के लिए प्रशासन को दोष देते हैं वही प्रशासन अपने बचाव में आढ़तियों के लिए दी जाने वाली सुविधाओं का बखान करते हैं। आढ़तियों के अनुसार मंडी में सीजन शुरू होने तक भी प्रशासन द्वारा मूलभूत सुविधाएँ सुचारु नहीं की जाती जिनमे बिजली पानी व सबसे आवश्यक शौचालय है। वहीँ प्रशासन आढ़तियों की सुविधा के लिए निर्माणाधीन पार्किंग शौचालय व शेड आदि का हवाला देकर अपना पीछा छुड़ा लेते हैं।

इस बारे में बात करने पर आढ़ती एसोसिएशन प्रधान संजीव ब्रांटा ने बताया कि आये वर्ष सीजन शुरू होने के बाद मांग करने पर प्रशासन द्वारा सुविधाएँ शुरू की जाती है।  संजीव ने कहा कि बिजली पानी की असुविधा से ज्यादा फर्क नहीं पड़ता परन्तु  बाहर से आने वाले आढ़तियों व ग्रोवरों के लिए सबसे अधिक आवश्यक शौचालय है जिसका प्रशासन को ख़ास ध्यान रखना चाहिए था। उन्होंने कहा कि आढ़तियों की सुविधा के लिए बनाये जा रहे शेड व शौचालय बनाते वक्त आढ़तियों से कोई चर्चा या  किसी प्रकार का सुझाव नहीं लिया गया, प्रशासन द्वारा बनाये जा रहे शेड व शौचालय का कोई लाभ नहीं है। ब्रांटा ने बताया की प्रशासन द्वारा बिजली व् पानी की समस्या को दुरुस्त कर दिया गया है परन्तु शौचालय की सुविधा जस की तस है।

दूसरी ओर परवाणू टर्मिनल मंडी के प्रभारी  राजेश शदैक ने कहा की प्रशासन द्वारा आढ़तियों व् ग्रोवरों  की सुविधाओं का पूरा धयान रखा जाता है।  मंडी में सीजन से पहले सुविधएं प्रशासन द्वारा देने  का प्रयास किया जा सकता है परन्तु ऐसा करने पर स्थानीय लोग व् कबाड़ी चीज़ों का नुकसान कर देते हैं जिसके चलते ऐसा करना सम्भव नहीं हो पा रहा है।  वहीँ शौचालय की समस्या के लिए भी कार्य किया जा रहा है व एक सप्ताह में यह सुविधा भी उपलब्ध करा दी जाएगी। निर्माण कार्य के चलते कुछ असुविधा अवश्य है जिसके लिए हमें खेद है व निर्माण कार्य पूरा होने के पश्चात आढ़तियों व ग्रोवरों को किसी भी प्रकार की असुविधा का सामना नहीं करना पड़ेगा।

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