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Uttar Pradesh : अभिव्यक्ति पर पहरा लोकतंत्र पर हमलाःरेवती रमण सिंह, महामारी को अवसर की तरह ले रही सरकार पेट्रोल मूल्य वृद्धि

राज्यसभा सांसद कुंवर रेवती रमण सिंह ने सोशल मीडिया पर नकेल कसने को विश्व के सबसे बडे़ लोकतंत्र में अभिव्यक्ति की आजादी पर हमला करार देते हुए कहा कि जबसे मोदी सरकार बनी है लगातार संवैधानिक संस्थाओं को कमजोर किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि जिस सोशल मीडिया का बखूबी इस्तेमाल कर 2014 मे मोदी सरकार बनी आज वहीं सोशल मीडिया सरकार के आंख की किरकिरी बन गई। क्योंकि मोदी सरकार की तानाशाही व अदूरदर्शिता पूर्ण निर्णय सोशल मीडिया पर बहुत तेजी से दूरदराज तक फैल जाती है जिससे सरकार की छवि धूमिल हो रही हैं इसलिए इसको रोकने के लिए सरकार सूचना प्रौद्योगिकी नियम 2021 लागू कर रही हैं। इस नियम के द्वारा सरकार के जनविरोधी कार्यों के खिलाफ आवाज उठाने व सरकार के विरोध में चर्चा करने वालों को चिन्हित कर दंडित करने का प्रावधान है जो लोकतंत्र को खत्म करने की दिशा में बढ़ाया गया कदम है।

सांसद ने कहा कि भाजपा सरकार को लोकतंत्र में भरोसा ही नहीं है इसलिए उत्तर प्रदेश त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव में शिकस्त खाने के बाद विपक्ष के जीते जिला पंचायत सदस्यों को अभी से डराने धमकाने का कार्य चालू हो गया है। भाजपा येनकेन प्रकारेण किसी भी तरह से संसद से लेकर ग्रामसभा तक अपना सत्ता जमाना चाहता है चाहे जनता उसको लाईक करें या ना करें। उन्होंने कहा कि महंगाई चरम पर है। पेट्रोल-डीजल के दाम रोज बढ़ाकर महंगाई मंे और आग लगाने का काम कर रही हैं मोदी सरकार। उन्होंने कहा कि इस कोरोना महामारी में गरीबों के रोजगार छीन गये जिससे नमक तेल रोटी खा कर गुजारा करने की कहावत थीं आज वो भी नसीब नहीं हो पा रहा क्योंकि सरसों का तेल आसमान छू रहा हैं गरीब आदमी हर तरफ से पिसा जा रहा है इस मोदी सरकार में।

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पूर्व सपा प्रदेश प्रवक्ता विनय कुशवाहा ने कहा कि मोदी सरकार सिर्फ केवल अम्बानी-अडानी को ही हर तरफ से लाभ दिलाने में लगी हैं। पेट्रोल मूल्य वृद्धि से अम्बानी को और खाद्य तेल मूल्य वृद्धि से फार्च्यून कम्पनी के मालिक अडानी को लाभ हो रहा है। इसलिए कोरोना महामारी मे कितनी कम्पनी बंद हो गई करोड़ों के रोजगार चले गए वहीं अम्बानी-अडानी की आय में गुणात्मक वृद्धि हुई यह भारत जैसे गरीब विकासशील देश के लिए सोचनीय विषय है।